रांची, जून 16 -- रांची, वरीय संवाददाता। कश्यप मेमोरियल आई हॉस्पिटल एवं आई बैंक की मेडिकल डायरेक्टर डॉ भारती कश्यप ने कहा कि वर्ष 1996 से अब तक संस्थान में 1083 सफल नेत्र प्रत्यारोपण किए जा चुके हैं। इसके बावजूद झारखंड में सैकड़ों मरीज केवल इसलिए वर्षों तक प्रतीक्षा सूची में बने रहते हैं, क्योंकि प्रत्यारोपण के लिए पर्याप्त संख्या में कॉर्निया उपलब्ध नहीं हो पाती है। उन्होंने कहा कि बाहर से कॉर्निया मंगाने पर खर्च काफी बढ़ जाता है, जिससे मरीजों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ता है। डॉ कश्यप ने कहा कि यदि राज्य में एक प्रभावी कॉर्निया रिट्रीवल प्रोग्राम मॉडल विकसित किया जाए तो नेत्र प्रत्यारोपण को नई गति मिल सकती है और कॉर्नियल अंधत्व मुक्त झारखंड के लक्ष्य को साकार किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि उन्होंने मात्र 26 वर्ष की आयु में अपना पहला न...