नई दिल्ली, मई 17 -- कर्नाटक सरकार ने शराब पर टैक्स व्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव करते हुए 11 मई 2026 से अल्कोहल-इन-बेवरेज (AIB) आधारित उत्पाद शुल्क प्रणाली लागू कर दी है। इस नए मॉडल ने राज्य की पुरानी थोक लीटर-आधारित कर प्रणाली को पूरी तरह समाप्त कर दिया है। राज्य सरकार ने इसे भारत का पहला ऐसा सुधार बताया है, जिसका उद्देश्य शराब की कीमतों को तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, महाराष्ट्र और केरल के समान स्तर पर लाना तथा अल्कोहल की मात्रा के आधार पर टैक्स का तर्कसंगत पुनर्गठन करना है। कर्नाटक उत्पाद शुल्क विभाग ने रविवार को जारी आधिकारिक बयान में स्पष्ट किया कि यह सुधार मुख्यमंत्री सिद्धारमैया की 2026-27 बजट घोषणा का हिस्सा है। विभाग ने कहा कि भारत में पहली बार कर्नाटक राज्य में 11 मई से AIB आधारित उत्पाद शुल्क संरचना लागू की गई है, जिसे वि...