गंगापार, अप्रैल 25 -- कौंधियारा/करछना, हिसं। यमुनापार के करछना तहसील में सड़क चौड़ीकरण के साथ पर्यावरण असंतुलन बढ़ता नजर आ रहा है। हरे-भरे पेड़ों की कटाई के बाद भरपाई के लिए पौधारोपण तो किया गया, लेकिन वह अब केवल कागजों तक सीमित दिखाई दे रहा है।प्रयागराज-मिर्जापुर मार्ग पर रामपुर से कोहड़ारघाट, करछना से गौहनिया मार्ग सहित पुरवा खास, हथिगन, करमा और करेहा क्षेत्रों में लगाए गए अधिकांश पौधे सूख चुके हैं। स्थानीय निवासी अधिवक्ता मोहम्मद आरिफ, प्रमोद मिश्रा तथा समाजसेवी मोहम्मद एकबाल ने आरोप लगाया कि पौधारोपण के बाद उनकी देखरेख की कोई समुचित व्यवस्था नहीं की गई। न नियमित सिंचाई हुई और न ही सुरक्षा के उपाय किए गए, जिससे अधिकांश पौधे नष्ट हो गए।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.