बरेली, जनवरी 17 -- हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षाएं नजदीक आते ही कई छात्रों के लिए मुश्किलें बढ़ गई हैं। यूपी बोर्ड व सीबीएसई दोनों के नियमों के अनुसार, परीक्षा में बैठने के लिए पूरे साल कम से कम 75 प्रतिशत उपस्थिति जरूरी है। हालांकि तमाम छात्र कोचिंग में तैयारी करने के कारण इस आंकड़े को पूरा नहीं कर सके हैं। अब परीक्षा के नजदीक आते ही स्कूल ऐसे छात्रों को चिन्हित कर नोटिस भेज रहे हैं। सीबीएसई के स्पष्ट निर्देश हैं कि 75 प्रतिशत से कम उपस्थिति वाले छात्रों को बोर्ड परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं मिलेगी। यूपी बोर्ड में भी उपस्थिति के नियम सख्त है और कम उपस्थिति वाले छात्र परीक्षा से बाहर हो सकते हैं। अब परीक्षा शुरू होने से ठीक पहले स्कूलों से ऐसे छात्रों को नोटिस मिलने लगे हैं। इसका प्रमुख कारण छात्रों द्वारा प्रतियोगी परीक्षाओ...