प्रयागराज, मार्च 6 -- प्रयागराज, वरिष्ठ संवाददाता झलवा के हर्षित श्रीवास्तव की बहुराष्ट्रीय कंपनी कतर में नौकरी करने लगी तो परिवार खुश था। लेकिन नौकरी के बाद वहां युद्ध के बादल छाएंगे और परिवार वाले ऐसे फंसे रहेंगे। इसकी तो कल्पना भी नहीं की थी। हर्षित के पिता संजय श्रीवास्तव ने प्रशासन के कंट्रोल रूम ने फोन कर इसकी जानकारी दी।रानीपुर हंडिया के पवन कुमार गुप्ता के पिता लाल चंद्र गुप्ता भी बेटे के हाल जानने को परेशान हैं। उनका कहना है कि बेटा दुबई में नौकरी कर रहा है। यहां आना चाहता है। कैसे आ सकता है। म्योराबाद के ऋषभ हैन्सी बहरीन में नौकरी कर रहे हैं। उनके पिता फैड्रिक रिचर्ड ने भी इसकी जानकारी दी। इन दिनों प्रशासन के कंट्रोल रूम में फोन ऐसे ही आ रहे हैं। अधिकांश लोग नौकरी के लिए कतर, यूएई, दुबई, बहरीन आदि स्थानों पर गए हैं। जिनके परिजन ...