नई दिल्ली, सितम्बर 28 -- Jivitputrika Vrat 2026, Jitiya Vrat 2026, जीवत्पुत्रिका या जीतिया व्रत : हर साल आश्विन मास में पुत्र-पौत्रों के आयु, आरोग्य तथा कल्याण की कामना से जीवत्पुत्रिका व्रत का विधान किया जाता है। इसे जीतिया व्रत अथवा जीमूतवाहन व्रत के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन पूरे दिन और रात जल की एक बूंद भी ग्रहण किए बिना भगवान जीमूतवाहन की पूजा- अर्चना की जाएगी। यह व्रत माताओं द्वारा अपनी संतान की दीर्घायु, उत्तम स्वास्थ्य एवं सुख- समृद्धि के लिए किया जाता है। संतान की रक्षा के लिए 24 घंटे का कठोर निर्जला उपवास रखा जाएगा। आइए जानते हैं कब रखा जाएगा व्रत, कब होगा पारण और पूजा करने का तरीका क्या रहेगा। कब है जीवत्पुत्रिका या जीतिया व्रत, जानें दिन, समय और कैसे करें पूजाकब होगी जीमूतवाहन की पूजा? धर्म शास्त्रीय विधान में प्रदोष व्या...