बलिया, मार्च 5 -- बलिया, संवाददाता। आम तौर पर त्यौहारों में साफ-सफाई के अतिरिक्त इंतजाम किए जाते हैं लेकिन नगरपालिका (बलिया) की कहानी अलग है। यहां होली के एक दिन पहले से एक दिन बाद तक कूड़े का उठान ही नहीं हो सका है। इससे शहर में जगह-जगह कचरों का पहाड़ बन गया है। उसकी मौजूदगी में ही लोगों ने रंगों का त्यौहार होली मनाया। कूड़ा ही नहीं, सोमवार की रात में होलिका दहन हुआ था। उसकी राख भी गुरुवार तक शहर में जहां-तहां पड़ा रहा। लोग सपरिवार नए परिधान में एक-दूसरे के घर होली की बधाई देने जा रहे हैं। उन्हें इन गंदगी और कूड़ों से होकर गुजरना पड़ रहा है। नगरपालिका का कहना है कि डीजल के अभाव में कचरे का उठान नहीं हो सका।शहर के 25 वार्डों से रोजाना निकलने वाले करीब 40 टन कचरे का पिछले दो दिनों से उठान नहीं हो सका है। नगरपालिका का दावा है कि होली के दिन...