जमशेदपुर, मई 28 -- जमशेदपुर । औद्योगिक उत्पादन से निकलने वाले वेस्ट या बेकार की चीज़ों से नया उत्पाद बनाया जा सकता है। इससे न सिर्फ प्रदूषण कम होगा बल्कि एक नए उत्पाद से भी कमाई की जा सकेगी और सैकड़ो लोगों को रोजगार मिल सकेगा। यह बातें एनआईटी जमशेदपुर में गुरुवार को शुरू हुए तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय कांफ्रेंस में वक्ताओं ने कही। वे लोग सस्टेनेबल प्रैक्टिस एंड मैटेरियल्स इन सिविल इंजीनियरिंग विषय पर आयोजित कांफ्रेंस में बोल रहे थे। इस अवसर पर सरला बिरला विश्वविद्यालय के महानिदेशक डॉक्टर गोपाल पाठक, टाटा स्टील के अतुल कुमार भटनागर, सोना देवी विश्वविद्यालय के कुलपति आदि उपस्थित थे। इस अवसर पर एनआईटी पदाधिकारी एवं शिक्षक उपस्थित थे।

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