नई दिल्ली, अप्रैल 4 -- नई दिल्ली, प्रमुख संवाददाता। एम्स में एमआरआई व सिटी स्कैन जांच में वेटिंग की समस्या अब निजी लैबों की मदद से दूर करने की तैयारी है। यही वजह है कि एम्स प्रशासन ने चार महीने में दूसरी बार टेंडर प्रक्रिया जारी कर निजी रेडियोलॉजी डायग्नोस्टिक सेंटर संचालकों से संपर्क किया है। इसका मकसद ओपीडी में इलाज के लिए पहुंचने वाले मरीजों को निजी रेडियोलॉजी लैबों में एमआरआई व सीटी स्कैन जांच की सुविधा उपलब्ध कराना है। एम्स की ओपीडी में प्रतिदिन इलाज के लिए करीब 14 हजार मरीज पहुंचते हैं। इसमें से करीब 60 प्रतिशत मरीज दिल्ली के बाहर से होते हैं। मरीजों का दबाव अधिक होने से एम्स में एमआरआई व सीटी स्कैन जांच में लंबी वेटिंग है। कई मरीजों को तीन वर्ष बाद तक की तारीख भी दी जाती है। यह हाल तब है जब एम्स 24 घंटे सीटी स्कैन व एमआरआई जांच सुव...