नई दिल्ली, मार्च 11 -- नई दिल्ली, प्रमुख संवाददाता। दिल्ली उच्च न्यायालय ने उत्तम नगर इलाके में होली के दिन हुए संघर्ष के मामले में कथित तौर पर शामिल कुछ लोगों के घरों पर अतिक्रमण रोधी कार्रवाई को लेकर दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) को एक सप्ताह तक कोई कार्रवाई न करने का निर्देश दिया है। इस घटना में 26 वर्षीय युवक की मौत हो गई थी। न्यायमूर्ति अमित बंसल की पीठ ने जरीना और शहनाज को इस अवधि के दौरान अपने आवासीय परिसरों को ढहाए जाने के खिलाफ नई याचिकाएं दाखिल करने की अनुमति दी। अदालत ने कहा कि जब तक नई याचिकाएं दाखिल नहीं होतीं, तब तक एमसीडी संबंधित मकानों पर कोई कार्रवाई नहीं करेगी। जरीना आरोपी इमरान की मां हैं, जबकि शहनाज के बच्चों से पुलिस ने जांच के तहत पूछताछ की है।सुनवाई के दौरान एमसीडी ने अदालत को बताया कि कार्रवाई किसी एक व्यक्ति को निशाना ...