नई दिल्ली, मार्च 23 -- मुंबई। सरकार द्वारा 'प्रेस नोट 3' में किए गए संशोधनों से भारत में आने वाले कुल प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) में चीन की हिस्सेदारी बढ़कर फिर से दो प्रतिशत के स्तर पर पहुंच सकती है। क्रिसिल इंटेलिजेंस की रिपोर्ट में कहा गया है कि नियमों में बदलाव से कुल एफडीआई में चीनी निवेश का हिस्सा दो प्रतिशत से अधिक होने की उम्मीद है। प्रेस नोट 3 लागू होने से पहले यह इसी स्तर पर था। आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2014 से 2019 के बीच हांगकांग सहित चीन से होने वाला कुल एफडीआई प्रवाह भारत के कुल निवेश का लगभग दो प्रतिशत था। हालांकि, प्रेस नोट 3 के नए नियम लागू होने के बाद यह घटकर मात्र 0.27 प्रतिशत रह गया था।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...