कानपुर, जुलाई 21 -- कानपुर, प्रमुख संवाददाता। जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज में गर्भवती महिलाओं और प्रसूताओं की जीवन रक्षा को हाई डिपेंडेंसी यूनिट (एचडीयू) लगाई गई। आईसीयू से पहले की स्थिति में महिलाओं को एचडीयू में भर्ती किया जाएगा। इससे मातृ व शिशु मृत्यु दर में भी कमी आएगी। मेडिकल कॉलेज के प्रसूति व स्त्री रोग विभाग में मंगलवार को एचडीयू का शुभारंभ किया गया। मुख्य अतिथि मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने किया। डॉ. रेनू गुप्ता ने कहा कि एचडीयू प्रसूति सेवाओं में एक महत्वपूर्ण कड़ी है, जहाँ गंभीर लेकिन आईसीयू की आवश्यकता से कम स्तर की निगरानी वाली गर्भवती एवं प्रसूता महिलाओं को 24 घंटे सातों दिन विशेषज्ञ देखभाल, सतत मॉनीटरिंग और समय पर उपचार उपलब्ध हो सकेगा। इससे गंभीर जटिलताओं की शीघ्र पहचान हो सकेगी, जिससे बेहतर उपचार संभव होगा। इसका स...