फरीदाबाद, मार्च 14 -- चंडीगढ़/फरीदाबाद। फरीदाबाद में प्लॉट नीलामी से जुड़े विवाद में हरियाणा राइट टू सर्विस कमीशन ने एचएसवीपी को मुआवजा देने का आदेश दिया है। आयोग ने पाया कि जमीन पर पहले से हाईकोर्ट का स्टे था। इसके बावजूद नीलामी करना गंभीर मामला माना गया। चंडीगढ़ में हुई सुनवाई के दौरान आयोग ने फरीदाबाद की भावना गुप्ता और अमनदीप से जुड़ी याचिकाओं पर फैसला सुनाया। जांच में सामने आया कि संबंधित जमीन पर वर्ष 2009 से उच्च न्यायालय का स्थगन आदेश लागू है। इसके बावजूद हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) ने 18 जनवरी और 22 मार्च 2023 को प्लॉट की नीलामी कर दी थी। आयोग ने अपने आदेश में कहा कि इस तरह की कार्रवाई प्रथम दृष्टया न्यायालय की अवमानना और धोखाधड़ी से जुड़े दंडात्मक प्रावधानों के दायरे में आ सकती है। आयोग ने टिप्पणी करते हुए कहा कि यदि क...