चक्रधरपुर, अप्रैल 12 -- चक्रधरपुर, संवाददाता। पश्चिमी सिंहभूम सहित पूरे सूबे के मनरेगा कर्मी 12 मार्च से ही हड़ताल पर हैं, इस कारण मनरेगा के तहत ग्रामीण इलाकों में चलने वाली सभी योजनाएं ठप पड़ी हुई है। मनरेगा योजनाएं ठप होने से ग्रामीणों के समक्ष रोजी-रोटी का संकट उत्पन्न हो गया है और अब मजदूर रोजी-रोटी की तलाश में दूसरे राज्यों में पलायन करने को मजबूर हो रहे हैं। जिले के चक्रधरपुर, बंदगांव, गोईलकेरा, गुदड़ी, टोंटो, जगन्नाथपुर, मंझारी, सहित कई प्रखंड के सैकड़ों लोग प्रति दिन चक्रधरपुर रेलवे स्टेशन से दूसरे राज्य रोजी-रोटी की तलाश में पलायन कर रहे हैं। इसकी मुख्य बजह यह है कि जिले में सिंचाई का साधन नहीं होने के कारण यहां की खेती बारिश पर निर्भर करती है और धान की कटाई होने के बाद मजदूरों को ग्रामीण इलाकों में संचालित होने वाले योजनाओं में काम ...