लखनऊ, मई 27 -- लखनऊ। वरिष्ठ संवाददाता राजकीय अभिलेखागार में ज्ञानभारतम मिशन के अंतर्गत बुधवार को पांडुलिपि अभिरुचि कार्यशाला में भारतीय ज्ञान परंपरा, इतिहास और प्राचीन धरोहरों को लेकर मंथन हुआ। ज्ञानभारतम निर्देशिका और कोलोनियल लखनऊ नाम के दो पुस्तकों का विमोचन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अपर मुख्य सचिव, पर्यटन, संस्कृति एवं धर्मार्थ कार्य विभाग अमृत अभिजात ने कहा कि ज्ञानभारतम मिशन के जरिए एक करोड़ पांडुलिपियों को एकत्रित और संरक्षित करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि आज ऐसा मजबूत मिशन तैयार हो चुका है, जिसके जरिए आम लोग भी अपनी पारिवारिक और निजी पांडुलिपियों को सुरक्षित रख सकते हैं।

पांडुलिपियों का महत्व विशिष्ट अतिथि बीबीएयू के इतिहास विभाग के सह प्राध्यापक डॉ. सुशील कुमार पाण्डेय ने भारतीय ज्ञान परंपरा में पांडुल...