बरेली, जून 9 -- राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) की प्रधान न्यायपीठ नई दिल्ली के सदस्य व जस्टिस डॉ. अफरोज अहमद ने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने सभी झीलों और जलाशयों का डिमार्केशन कर अतिक्रमण हटाने तथा जल स्रोतों तक पहुंचने वाले प्राकृतिक मार्गों को संरक्षित रखने के निर्देश दिए। बैठक में कई अहम निर्देश देने के बाद उन्होंने कलेक्ट्रेट में पौधरोपण किया। बैठक में जस्टिस डॉ. अहमद ने कहा कि झीलें भूजल स्तर को रिचार्ज करने के साथ ही मत्स्य पालन और सिंघाड़ा उत्पादन जैसी गतिविधियों के जरिए स्थानीय लोगों को रोजगार भी उपलब्ध कराती हैं। उन्होंने सरकारी भूमि को चिन्हित कर पर्यावरण संरक्षण संबंधी कार्यों में उपयोग करने पर जोर दिया।पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए अधिकारियों को क्रिकेट स्टेडियम समेत अन्य...