अलीगढ़, जनवरी 23 -- अलीगढ़। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय द्वारा ऐतिहासिक मानचित्रों और पांडुलिपियों के संरक्षण एवं पुनर्स्थापन पर आयोजित प्रशिक्षण शुक्रवार को समाप्त हो गया। कुलपति प्रो. नइमा खातून ने कहा कि एएमयू राष्ट्रीय महत्व का संस्थान है। उन्होंने कहा कि मौलाना आजाद लाइब्रेरी और हेरिटेज सेल ने दुर्लभ पांडुलिपियों, मानचित्रों और ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। विशिष्ट अतिथि प्रो. उरुस इलियास ने विश्वविद्यालय की ऐतिहासिक इमारतों को एएमयू की सौ वर्षों से अधिक पुरानी विरासत का मूक दूत बताया। फिटनेस के साथ पर्यावरण जागरूकता का संदेश अलीगढ़। एएमयू के कल्चरल एजुकेशन सेंटर (सीईसी) के इको क्लब द्वारा गणतंत्र दिवस समारोह 2026 के अंतर्गत एक अभिनव 'इको-फॉक्स रन' का आयोजन किया गया, जिसमें पर्यावरण जागरूकता, पारिस्थितिकी ...