रांची, सितम्बर 8 -- रांची, संवाददाता। झारखंड हाईकोर्ट ने जूनियर इंजीनियरों की ओर से दायर तीन रिट याचिकाओं को खारिज करते हुए स्पष्ट किया है कि इंस्टीट्यूशन ऑफ सिविल इंजीनियर्स (इंडिया), लुधियाना से प्राप्त एएमआईसीई योग्यता को एएमआईई के समकक्ष नहीं माना जा सकता। जस्टिस दीपक रोशन की अदालत ने कहा कि किसी शैक्षणिक योग्यता की समकक्षता तय करना विशेषज्ञ शैक्षणिक संस्थाओं और सक्षम सरकारी प्राधिकरण का विषय है। न्यायालय स्वयं किसी डिग्री को दूसरी डिग्री के बराबर घोषित नहीं कर सकता। अदालत ने कहा कि याचिकाकर्ता ऐसा कोई दस्तावेज, अधिसूचना या सक्षम प्राधिकारी का आदेश पेश नहीं कर सके, जिससे एएमआईसीई को एएमआईई के समकक्ष साबित किया जा सके। एएमआईसीई के हलफनामे के अनुसार संस्थान को केंद्र सरकार से केवल 2007-08 सत्र तक मान्यता मिली थी, जबकि याचिकाकर्ताओं ने 2...