देहरादून, अप्रैल 7 -- भारतीय परंपरा में शिक्षा की जड़ें गुरुकुल प्रणाली में निहित रही हैं। उत्तराखंड एक जीवंत गुरुकुल की तरह है। जहां शिक्षा की गंगा बहती है। यह बात मंगलवार को राजीव गांधी नवोदय विद्यालय में आयोजित इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय के 39वें दीक्षांत समारोह में बतौर मुख्यअतिथि कुलपति उत्तराखंड संस्कृत विश्वविद्यालय हरिद्वार प्रो रमाकांत पांडेय ने अपने संबोधन के दौरान कही। उन्होंने कहा कि यहां प्राचीन ज्ञान परंपरा निरंतर आगे बढ़ रही है। नई शिक्षा निति में भारतीय ज्ञान परंपरा को शामिल करना एक ऐतिहासिक कदम है। जो आने वाली पीढ़ियों को अपनी संस्कृति और मूल्यों से जोड़ने का कार्य करेगा। उन्होंने कहा कि आज का विद्यार्थी केवल शिक्षार्थी नहीं है बल्कि भविष्य का विद्धान और मार्गदर्शक है। क्योंकि वह तकनीक और संचार के युग में ...
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