नई दिल्ली, दिसम्बर 21 -- बांग्लादेश में हिंदू युवक की पीट-पीटकर हुई हत्या के मामले ने पूरी दुनिया को झकझोर कर रख दिया है। अब इस मामले में बांग्लादेशी अधिकारियों का एक बयान सामने आया है, जिसमें उन्होंने बताया है कि दीपू के ऊपर जो ईश निंदा के आरोप लगाए जा रहे हैं उनका कोई प्रत्यक्ष सबूत नहीं मिला है। ऐसा साबित भी नहीं हो पाया है कि मृतक ने धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाली कोई टिप्पणी की थी। बांग्लादेश के मयमनसिंह जिले के भालुका इलाके में कथित ईशनिंदा के आरोप में उग्र भीड़ ने दीपू की नृशंस हत्या कर दी थी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक सबसे पहले उसे जमकर पीटा गया, इसके बाद उसके शव को एक पेड़ से टांग कर आग के हवाले कर दिया। सबसे भयावह बात यह थी कि इस दौरान वहां पर हजारों लोग अपने फोन से इसकी वीडियो बना रहे थे। बांग्लादेशी मीडिया प्लेटफार्म ...