फतेहपुर, अप्रैल 10 -- खागा। नगर के मंगलम गार्डेन में दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान के तत्वावधान में चल रहे तीन दिवसीय श्री हरि कथा ज्ञान यज्ञ के दूसरे दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। कार्यक्रम में वक्ताओं ने भक्ति, सेवा और ईश्वर साक्षात्कार के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। साध्वी सुश्री भक्ति अर्चना भारती ने अपने प्रवचन में कहा कि सच्चे सेवक का सर्वोच्च उदाहरण हनुमान जी हैं, जिन्होंने प्रभु श्रीराम की सेवा में अपने मान-सम्मान और अस्तित्व का पूर्ण त्याग कर दिया। उन्होंने बताया कि हनुमान का अर्थ ही है अपने मान का हनन करने वाला। अष्ट सिद्धि और नव निधियों के स्वामी होते हुए भी हनुमान जी विनम्रता की पराकाष्ठा पर रहे। उन्होंने कहा कि हनुमान जी के भीतर यह दिव्य गुण ब्रह्मज्ञान से उत्पन्न हुए। गोस्वामी तुलसीदास के दोहे का उल्लेख करते हुए उन...