नई दिल्ली, मार्च 6 -- पश्चिमी एशिया में बढ़ते तनाव के बीच अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उछाल जारी है। अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच छह दिन से जारी युद्ध के चलते कच्चे तेल के दाम 15 फीसदी बढ़कर 84 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गए हैं। सरकार ने आश्वस्त किया है कि कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि का भारतीय उपभोक्ताओं पर कोई असर नहीं पड़ेगा। केंद्र सरकार ने साफ किया है कि भारत में पर्याप्त मात्रा में तेल और गैस मौजूद है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में उछाल के बावजूद भारत में फिलहाल दाम नहीं बढ़ेंगे। पेट्रोलियम मंत्रालय के मुताबिक, एलपीजी के मामले में भारत सिर्फ कतर के भरोसे नहीं है। ऑस्ट्रेलिया और कनाडा ने भी गैस भिजवाने का ऑफर किया है। मंत्रालय का दावा है कि अपनी ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए भारत ने नए बाजार तलाश...