इज़रत अब्बास प्यासे ही शहीद हो गए और प्यासे बच्चों को पानी पिलाने की ख्वाहिश अधूरी रह गई
हाथरस, जून 25 -- हाथरस। मुहर्रम की आठवीं तारीख को बुधवार को ऑल इण्डिया शिया सोसाइटी हायरस की सरपरस्ती में अजुमने हैदरी की जानिव से इमामबासाह किला गेट हाथरस से अलम का जुलूस निकाला गया। जुलूस से पहले मजलिस को खिताब फरमाते हुए मौलाना जनाव हैदर मेहदी मैहदेवी साहब ने फरमाया कि हजरत मुहम्मद साहब के नवासे हज़रत इमाम हुसैन ने कर्बला में अपनी और 71 जाँ निसारों की शहादत देकर इन्सानियत और इस्लम की हिफाज़त की। यह भी पढ़ें- आठवीं मुहर्रम को निकाला गया दुलदुल और अलम का जुलूसहज़रत इमाम हुसैन की शहादत हज़रत इमाम हुसैन ने अपने भाई, बेटे, भांजे, भतीजे सबको शहीद होते हुए देखा, लेकिन जालिम यजीद के आगे सर झुकाना गवारा न किया। मुहर्रम की आठवीं तारीख इमाम हुसैन के भाई हज़रत अब्बास की याद में मनाई जाती है। मुहर्रम की सातवीं तारीख से यजीद ने कर्बला में पानी बंद ...
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