महाराजगंज, मई 29 -- महराजगंज, हिन्दुस्तान टीम। इस खरीफ सीजन में खाद की कमी नहीं होगी। जिले में भरपूर खाद का लक्ष्य है और पर्याप्त मात्रा में पहुंचना भी शुरू हो गया है। अधिकांश किसानों में वितरण भी किया जा रहा है। हालांकि खाद की कालाबाजारी रोकने के लिए किसाानों का पहचान कराने के बाद ही खाद दी जा रही है। इसमें आधार कार्ड दिखाने के बाद बायोमैट्रिक मशीन पर अंगूठा लगाकर पहचान होने के बाद ही खाद मिल रही है। इसके साथ ही किसानों को खतौनी और फार्मर रजिस्ट्री भी दिखाना होगा। खेत के क्षेत्रफल के अनुसार डीएपी या एनपीके व यूरिया दी जा रही है। खरीफ वर्ष 2026 की तैयारियों के बीच जनपद में किसानों को उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए कृषि विभाग लगातार निगरानी बनाए हुए है। कृषि विभाग का दावा है कि जिले में यूरिया, डीएपी, एनपीके सहित विभिन्न उर्वरक...