प्रयागराज, सितम्बर 7 -- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मृतक आश्रित कोटे के तहत मिलने वाली सरकारी नियुक्तियों को लेकर एक बेहद महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक विधिक व्यवस्था दी है। हाईकोर्ट ने साफ शब्दों में स्पष्ट किया है कि अनुकंपा के आधार पर दी जाने वाली नियुक्तियां हमेशा स्वीकृत पदों पर नियमित और स्थायी प्रकृति की होती हैं। इसलिए ऐसे नियुक्ति पत्रों में अस्थायी सेवा की शर्त जोड़ना कानूनी रूप से पूरी तरह अवैध और अनुचित है। यह आदेश न्यायमूर्ति सिद्धार्थ नंदन की एकलपीठ ने आगरा की रहने वाली सपना सारस्वत की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है। मामले में याची की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता कमल कुमार केशरवानी और राज्य सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता अमित सक्सेना ने पक्ष रखा।क्या था पूरा मामला और कोर्ट की आपत्ति? हाईकोर्ट के पूर्व आदेश के अनुपालन में राज्य सरकार ने हलफनामा...