इटावा औरैया, फरवरी 28 -- कुंदनपुर धाम से चौरासी कोस की परिक्रमा पर ऊसराहार पहुंचे साधु-संतों का फूल‌ माला पहनाकर बैंड बाजों की धुन स्वागत किया गया साधु संतों ने अपने प्रवचनों के माध्यम से माहौल को भक्ति मय बना दिया। कस्बा ऊसराहार में कुंदनपुर धाम से चौरासी कोस की परिक्रमा पर आए परिक्रमा का संचालन कर रहे वृंदावन के संत महामंडलेश्वर अमरदास त्यागी महाराज शिवराज दास महाराज के नेतृत्व में सैंकड़ों साधु-संतों का स्वागत कालिका माता सुंदर काण्ड सेवा समिति के सदस्यों के द्वारा किया गया। इस अवसर पर प्रवचन करते हुए घनश्याम दास महाराज ने कहा कि चौरासी लाख योनियों में मनुष्य ही विवेकशील है परिक्रमा के प्रत्येक कदम पर अश्वमेध यज्ञ के समान फल प्राप्त होता है। मानव जीवन के कल्याण के लिए और उन्हें भक्ति मार्ग पर जोड़ने के लिए आश्रमों का त्याग कर साधु-संत ...