पीलीभीत, जुलाई 17 -- पीलीभीत। इको सेसिटिव जोन के अंतर्गत बने और अधबने निर्माण की हकीकत को देखने के बाद टीम के अफसरों ने भी हैरानी जताई। कागजों पर मिली शिकायत और मौके पर दिखी हकीकत में टीम को अंतर मिला है। पूरे प्रकरण में कर्तनियाघाट और नई दिल्ली से आए अधिकारियों की टीम ने रिपोर्ट बनाई। इसे अब एनजीटी को दिया जाएगा। माना जा रहा है कि 27 जुलाई को इसमें अहम निर्णय या आदेश हो सकता है। पिछले दिनों एक शिकायत होने के बाद पीलीभीत टाइगर रिजर्व के इको सेंसिटिव जोन के अंतर्गत हो रही गतिविधियों को लेकर सवाल उठे थे। इसके बाद राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण प्रधान पीठ नई दिल्ली ने इसमें संज्ञान लिया। इसमें समय देकर वास्तविक रिपोर्ट देने को कहा था। तब पूरी प्रक्रिया में जांच के लिए डीएम की अध्यक्षता वाली समिति का गठन किया गया था। टीम में डीएम द्वारा नामित एडीएम...