इंदौर, फरवरी 28 -- नई आबकारी नीति लागू होते ही इंदौर सहित आसपास के जिलों में वर्षों से सक्रिय बड़े शराब ठेकेदारों को बड़ा झटका लगा है। शासन ने शराब दुकानों की ग्रुप व्यवस्था में बड़ा बदलाव करते हुए इंदौर में ग्रुपों की संख्या 60 से घटाकर 56 कर दी है। साथ ही गुजरात सीमा से जुड़े जिलों में लंबे समय से चली आ रही सिंगल ठेकेदार व्यवस्था समाप्त कर प्रतिस्पर्धात्मक सिस्टम लागू कर दिया गया है। इस बार इंदौर जिले को 2102 करोड़ रुपए की रिकॉर्ड राजस्व वसूली का लक्ष्य दिया गया है।दुकानों की संरचना नए सिरे से तैयार वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए घोषित नई आबकारी नीति के तहत पूरे संभाग में शराब दुकानों की संरचना नए सिरे से तैयार की गई है। इंदौर के अलावा धार जिले में अब 21 ग्रुप बनाकर शराब ठेके दिए जाएंगे, जबकि झाबुआ जिले में 9 ग्रुप संचालित होंगे। खास बदलाव...