धनबाद, अप्रैल 25 -- इंटक रेड्डी गुट को बड़ी राहत मिली है। दिल्ली हाईकोर्ट ने रेड्डी गुट के पक्ष में फैसला दिया है। इंटक के वरिष्ठ नेता एके झा ने कहा कि कोर्ट ने रेड्डी गुट को ही असली इंटक मानते हुए भारत सरकार को आठ सप्ताह के भीतर 2017 के आदेश की समीक्षा करने का निर्देश दिया है। यह निर्णय सिर्फ एक कानूनी जीत नहीं है, बल्कि श्रमिक अधिकारों की पुर्नस्थापना है। इस निर्णय से जेबीसीसीआई सहित अन्य द्विपक्षीय एवं त्रिपक्षीय बैठकों, सरकारी समितियों में इंटक की वापसी का मार्ग प्रशस्त हो गया है। एके झा ने बताया कि दो दिन पूर्व सुनवाई के बाद कोर्ट के फैसले के अनुसार 2017 का प्रतिबंध अब अप्रासांगिक हो गया है। यह भी पढ़ें- डीएलएड अभ्यर्थियों को हाईकोर्ट से राहत इससे सरकारी बैठकों और अंतरराष्ट्रीय फोरम में इंटक की भागीदारी सुनिश्चित होगी। सीएलसी जांच मे...