मेरठ, अगस्त 9 -- सावन की कांवड़ यात्रा अब केवल गंगाजल लाकर भगवान शिव का अभिषेक करने तक सीमित नहीं रह गई है। बदलते दौर में यह आस्था के साथ-साथ आधुनिक तकनीक, रचनात्मकता और सामाजिक पहचान का भी माध्यम बनती जा रही है। इस बार कांवड़ यात्रा में करोड़ों रुपये की मैकलारेन स्पोर्ट्स कार की तर्ज पर तैयार डमी कार कांवड़ से लेकर करीब 50 लाख रुपये तक की लागत वाली हाईटेक डीजे कांवड़ तक लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं। कोई नोटों से सजी कांवड़ ला रहा है तो गोल्डन कांवड़ भी लोगों को लुभा रही। कांवड़ यात्रा का यह बदला हुआ स्वरूप बताता है कि आज की पीढ़ी अपनी आस्था को आधुनिक अंदाज में अभिव्यक्त कर रही है। करोड़ों की कार की थीम पर बनी कांवड़ हो या लाखों की डीजे झांकी, इन सबके केंद्र में भगवान भोलेनाथ के प्रति अटूट श्रद्धा ही दिखाई देती है। दिल्ली-देहरादू...