गोड्डा, मई 20 -- गोड्डा, एक प्रतिनिधि । आवारा कुत्तों के बढ़ते आतंक और लोगों की सुरक्षा को लेकर सुप्रीम कोर्ट द्वारा सात नवंबर 2025 को दिए गए सख्त निर्देशों के बाद भी गोड्डा नगर परिषद क्षेत्र में स्थिति लगभग जस की तस बनी हुई है। मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने एक बार फिर स्पष्ट करते हुए कहा कि खतरनाक और रेबीज संक्रमित कुत्तों को इंजेक्शन देकर मारा जा सकता है और लोगों की सुरक्षा सर्वोपरि है। अदालत ने यह भी कहा कि गरिमा के साथ जीने के अधिकार में कुत्तों के खतरे से मुक्त रहने का अधिकार भी शामिल है। सुप्रीम कोर्ट ने पहले दिए गए निर्देशों को वापस लेने की मांग वाली याचिकाओं को खारिज करते हुए स्थानीय निकायों को सार्वजनिक स्थलों से आवारा कुत्तों को हटाने, नसबंदी और टीकाकरण के बाद उन्हें शेल्टर होम में रखने तथा सड़कों पर भोजन कराने पर रोक लगाने जैसे न...