चक्रधरपुर, मई 5 -- राउरकेला। राउरकेला इस्पात संयंत्र के सीएसआर विभाग और राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान राउरकेला द्वारा संयुक्त रूप से वेस्ट टू वेल्थ कार्यक्रम के तहत इंस्टीट्यूट फॉर पेरिफेरल डेवलपमेंट में सतत जैविक खेती पर एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में लाठीकाटा और बिसरा परिधीय ब्लॉक की पचास महिला किसानों ने भाग लिया। प्रतिभागियों को जैविक खेती, जैविक तरीके से मशरूम की खेती, वर्मीकम्पोस्ट, जैविक खाद और जैव-कीटनाशकों की तैयारी तथा मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन आदि पर सैद्धांतिक और व्यावहारिक जानकारी दी गई। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान राउरकेला, ओडिशा के प्रोफेसर और शोधकर्ता, केवीके वैज्ञानिक और जैविक खेती के क्षेत्र में कार्यरत विशेषज्ञ इस कार्यक्रम के रिसोर्स पर्सन थे। यह भी पढ़ें- उर्वरकों के संतुलित उपयोग की दी जानकारी इस क...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.