बस्ती, जून 25 -- संतकबीरनगर, हिन्दुस्तान टीम। संतकबीरनगर जिले में जनसंख्या के मानक के हिसाब से काफी कम थाने हैं। वहीं थानों से गांवों की दूरी अधिक होने से घटना घटित होने पर पुलिस टीम को पहुंचने में जहां अधिक समय लगता है, वहीं अधिक दूरी और समय खर्च कर थानों पर जाना फरियादियों की मजबूरी है। करीब डेढ़ वर्ष पूर्व ऑडिट टीम ने भी अपनी रिपोर्ट में ऐसा माना है। डीजीपी मुख्यालय के साथ ही शासन को भी अपनी रिपोर्ट से अवगत भी करा चुकी है। वहीं 04 नए थानों की फाइल शासन में स्वीकृति के लिए अटकी हुई है। यह भी पढ़ें- डेढ़ साल में बदले कलेवर में नजर आएंगे छह थाने थानों की स्थापना की आवश्यकता करीब 21 लाख की आबादी वाले संतकबीरनगर जिले में तीन विधान सभा क्षेत्र खलीलाबाद, मेंहदावल और धनघटा शामिल हैं। जिसकी सुरक्षा के लिए जिले में महिला थाना समेत नौ थाने स्थापि...