लखीमपुरखीरी, जुलाई 2 -- दक्षिण खीरी वन प्रभाग के महेशपुर वन रेंज में बाघ की मौत के मामले में आईवीआरआई बरेली के विशेषज्ञों ने प्रारंभिक रिपोर्ट में कई आशंकाएं व्यक्त की हैं। पोस्टमार्टम के बाद यह बताया गया कि बाघ आपसी संघर्ष में घायल हो गया था। इसके बाद वह काफी दिनों तक घायल पड़ा रहा। बाघ की मौत के पीछे सेप्टिक की आशंका जताई गई है। हालांकि अभी विस्तृत रिपोर्ट आना बाकी है। सोमवार शाम को उदयपुर गांव के 55 वर्षीय काली चरन जब अपने मवेशी चराते हुए बाघ के करीब पहुंच गए, तो बाघ ने उन पर हमला कर दिया। हालांकि, इस हमले में काली चरन की जान बच गई और उन्हें कोई गंभीर चोट नहीं आई है। कालीचरन का लखनऊ मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है और वे खतरे से बाहर हैं। हमले के बाद इलाके में सघन कांबिंग और निगरानी की गई। ​इस अभियान के दौरान बाघ घटनास्थल से करीब 100 मी...