पाकुड़, अप्रैल 21 -- पाकुड़, प्रतिनिधि। प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के प्रयास से कुटुंब न्यायालय में चल रहे मूल भरण-पोषण वाद संख्या 32/2026 पारिवारिक मतभेदों को आपसी सहमति से सुलझा लिया गया। मध्यस्थता की प्रक्रिया के दौरान दंपतियों ने पुराने मतभेदों को भुलाकर फिर से साथ रहने का निर्णय लिया। इस अवसर पर प्रधान न्यायाधीश रजनीकांत पाठक ने दंपतियों को आपसी समझ, सहयोग और संवाद के साथ खुशहाल पारिवारिक जीवन जीने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि छोटे-मोटे विवादों को बातचीत और समझदारी से सुलझाकर परिवार में मधुरता बनाए रखें ।कार्यक्रम के दौरान अधिवक्ता मो सलीम सहित परिजन भी उपस्थित रहे।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...