भागलपुर, मार्च 9 -- शारदा पाठशाला खेल मैदान में रविवार से भागलपुर जिला संतमत सत्संग का 77वां जिला स्तरीय दो दिवसीय वार्षिक अधिवेशन शुरू हो गया। अधिवेशन के अवसर पर गाजे-बाजे के साथ नगर में भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें हजारों सत्संग प्रेमी जयकारा लगाते और भजन गाते हुए शामिल हुए। अधिवेशन को संबोधित करते हुए आचार्य चतुरानंद महाराज ने कहा कि समाज में अमन-शांति बनाए रखने के लिए संतों के विचार और मार्गदर्शन जरूरी हैं। संत हमेशा समाज और शास्त्र के हित में लोगों को उपदेश देते हैं। उन्होंने कहा कि शास्त्रों को सुनने के साथ उसे समझकर जीवन में उतारने से ही उसका वास्तविक लाभ मिलता है। उन्होंने तुलसीदास के प्रसंग का उल्लेख किया।

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