देवरिया, जून 12 -- सुरौली,(देवरिया), आनंद मोदनवाल। इजरायल, अमेरिका, इरान की लड़ाई में देवरिया के एक लाल शिवानंद चौरसिया की जान चली गई। अमेरिका के हमले में शिवानंद की जान जाने पर हर किसी की आंखों में आंसू तो अमेरिका को लेकर गुस्सा दिखा। हर कोई भारत सरकार से कोई ठोस कदम उठाने की मांग कर रहा है, ताकि आगे किसी भारतीय की जान ऐसे न जाए। यह भी पढ़ें- अमेरिका के हमले में देवरिया के युवक की मौत, ओमान में शिप पर नाविक था शिवानंदशिवानंद का जीवन शिवानंद के परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत न होने के चलते हाईस्कूल तक की पढ़ाई पूरी कर पहले विभिन्न प्रदेशों में मेहनत-मजदूरी किए। बाद में मर्चेंट नेवी का कोर्स कर लिया। जिसके बाद दिसंबर 2025 नौ माह के अनुबंध पर सिंगापुर के एक पोत पर नौकरी मिल गई। उसी पोत पर हुए हमले में उनकी जान चली गई। यह भी पढ़ें- अमेरिका ने...