उन्नाव, मार्च 25 -- उन्नाव। नहर विभाग की बेशकीमती जमीनों पर लगातार अवैध कब्जे हो रहे हैं। कब्जाधारक नहर पटरी पर काबिज होकर निर्माण करा रहे हैं। कहीं नहर पटरी पर पक्के भवन बन गए तो कहीं दुकानें बन गईं। आलम यह है कि गजौली माइनर की जमीन को पाटकर सरकारी स्वास्थ्य केंद्र तक बन गया। नहर विभाग के शारदा खंड के लापरवाह अधिकारी माइनरों और रजबहों की सफाई में प्रति वर्ष करोड़ों रुपये खर्च के नाम सरकारी धन का दुरुपयोग करते हैं। इसी का ही नतीजा है कि विभाग की जमीन पर पक्के निर्माण व पटरियों पर अवैध कब्जे हो रहे हैं। कार्यालय के कुछ किमी के दायरे से गुजरी माइनरों पर पक्के निर्माण हो चुके हैं। लेकिन कार्रवाई के नाम पर अधिकारी सिर्फ कब्जाधारकों को नोटिस थमाने तक ही सीमित हैं। शहर से सटी सिंघूपुर माइनर टेल के पांच सौ मीटर पहले ही पाटकर समाप्त कर दी गई। गजौल...