लखनऊ, अक्टूबर 3 -- लखनऊ, विशेष संवाददाता यह भी पढ़ें- थोक में 60 फीसदी सस्ती दवा, मरीजों पर पूरी एमआरपी का बोझ खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) ने 17 जिलों के 52 अस्पतालों की फार्मेसी में छापेमारी की। जांच में पाया गया कि बिना उचित छूट के मरीजों को अधिकतम खुदरा मूल्य (एमआरपी) पर दवाएं दी जा रही हैं। दवाओं के दाम में अनियमितता पाए जाने पर अस्पतालों की फार्मेसी, आपूर्तिकर्ता और निर्माताओं को नोटिस दी गई है।अस्पताल के मेडिकल कॉलेजों की जांच एफएसडीए के मुताबिक नौ राजकीय मेडिकल कॉलेज, 11 निजी मेडिकल कॉलेज और 32 निजी अस्पतालों की फार्मेसियों की पड़ताल की गई। टीम ने जांचा कि अस्पतालों की फार्मेसियों को निर्माता कंपनियों और आपूर्तिकर्ताओं से दवाएं किस कीमत पर मिल रही हैं और उन्हीं दवाओं को किस कीमत पर बेचा जा रहा है। जांच में पता चला कि न...