गौरीगंज, मार्च 7 -- संग्रामपुर। क्षेत्र की ग्रामसभा सहजीपुर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिवस कथा व्यास स्वामी ओमानंद महाराज ने विभिन्न धार्मिक प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया। मुख्य यजमान गीता तिवारी एवं बालकृष्ण तिवारी सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। कथा सुनाते हुए स्वामी ओमानंद महाराज ने बताया कि मनुष्य जब किसी यात्रा की शुरुआत करता है तो कई बार उसे शुभ-अशुभ संकेत मिलते हैं। इन संकेतों के पीछे भी जीवन के गहरे आध्यात्मिक संदेश छिपे होते हैं। उन्होंने कहा कि संसार स्वयं एक यात्रा है, जिसमें मनुष्य जन्म से लेकर मृत्यु तक अनेक अनुभवों और परिस्थितियों से गुजरता है। शुकदेव महाराज का प्रसंग सुनाते हुए बताया कि शुकदेव जी की दृष्टि में समस्त संसार भगवान का ही स्वरूप था। उनके मन में स्त्री-पुरुष का कोई भेद नहीं था। वे हर प्राणी...