पीलीभीत, जून 5 -- पीलीभीत। सीवीओ डॉ. प्रवीण कुमार त्यागी ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में राज्य योजना के अंतर्गत नैपियर घास की जड़ें (रूट स्लिप) उपलब्ध कराने की योजना चलाई जा रही है। इससे हरे चारे के उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा और गौशालाओं एवं पशुपालकों को गुणवत्तापूर्ण चारा उपलब्ध हो सकेगा। यह भी पढ़ें- गौशालाओं में रोपी गई नैपियर घास, दूर होगी पौष्टिक चारे की कमीनैपियर योजना के लाभ योजना का लाभ पंजीकृत गौशालाओं, गौआश्रय स्थलों, इच्छुक कृषकों, पशुपालकों तथा गैर-सरकारी संस्थाओं को दिया जाएगा, जिनके पास न्यूनतम 0.2 हेक्टेयर सिंचित भूमि उपलब्ध हो, जहां आवागमन की सुविधा आसानी से हो।नैपियर योजना के तहत लाभार्थियों का चयन लाभार्थी चयन में पंजीकृत गौशालाओं एवं अस्थायी गौआश्रय स्थलों से संबंधित ग्राम पंचायतों को प्राथमिकता दी जाएगी, जिनके पास च...