नई दिल्ली, मई 13 -- माया दारूवाला,वरिष्ठ मानवाधिकार सलाहकार बिहार के शिक्षा मंत्री ने सार्वजनिक जीवन में महिलाओं की उपस्थिति और उनकी शिक्षा की अहमियत को लेकर जो सवाल उठाए हैं, उस पर लोगों में नाराजगी है और यह जायज भी है। एक मंत्री से और वह भी शिक्षा मंत्री से बेहतर समझ की उम्मीद की जाती है। शिक्षा मंत्री खुद मगध यूनिवर्सिटी के एक कॉलेज से अर्थशास्त्र में स्नातक हैं और पटना के एक कोचिंग सेंटर में पढ़ाते रहे हैं, इसलिए वह पढ़ाई के महत्व को अच्छे से समझते हैं। रोजगार को शिक्षा से जोड़ने की उनकी कोशिशों की तारीफ भी हुई है, लेकिन चिंता की बात यह है कि शिक्षा को अक्सर एक दकियानूस विचारधारा से जोड़ दिया जाता है। उनका हालिया बयान इसी विचारधारा के अनुरूप है। शिक्षा मंत्री की यह बात प्रधानमंत्री की उस सोच के बिल्कुल खिलाफ है, जिसमें वह विकसित भारत के ...