समस्तीपुर, जुलाई 14 -- विभूतिपुर। गणित और विज्ञान वैसे विषय हैं, जिनमें सीखने की प्रक्रिया सैद्धांतिक कम, व्यावहारिक अधिक होती है। निर्धारित योजना बनाकर जिन विषय-वस्तुओं के प्रति काम किया जाता है, उनके साथ प्रामाणिकता जुड़ी हुई रहती है। ऐसा इसलिए कि बच्चे स्वयं करके सीखते हैं।ये बातें मंगलवार को प्रखंड संसाधन केन्द्र विभूतिपुर में परियोजना आधारित कार्यशाला के दौरान प्रशिक्षको ने कहीं। मौके पर लेखा सहायक योगेश कुमार ने शिक्षा विभाग द्वारा पीबीएल के अंतर्गत किये जाने वाले कार्यों के संबंध में विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि परियोजना आधारित सीखने की प्रक्रिया छात्र-छात्राओं को इस ओर प्रोत्साहित करती है कि उनमें उनके निर्धारित विषयों को लेकर स्वत: जिज्ञासा जगे और वे उन्हें नैदानिक स्तर पर स्वयं तो‌ सौभालें ही,अगली स्थिति के लिए भी तैयार ...