पलामू, सितम्बर 14 -- मेदिनीनगर,प्रतिनिधि। एनएसयूआई के प्रदेश उपाध्यक्ष अमरनाथ तिवारी ने कहा है कि नीलांबर-पीतांबर विश्वविद्यालय में वित्तीय अनियमितताओं को लेकर अंकेक्षण में सामने आए मामलों और कुलपति के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकारों पर हुई कार्रवाई को लेकर राजभवन और विश्वविद्यालय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए है। उन्होंने कहा है कि लपति के अधिकार सीमित कर देना ही कार्रवाई की अंतिम सीमा नहीं हो सकती। यदि अंकेक्षण में वित्तीय अनियमितताएं सामने आई हैं, तो उन मामलों में जिम्मेदारी तय कर दोषी पाए जाने वालों पर नियमानुसार कार्रवाई और सरकारी राशि की वसूली भी सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय किसी व्यक्ति की निजी संपत्ति नहीं, बल्कि हजारों विद्यार्थियों के भविष्य और पूरे पलामू की प्रतिष्ठा से जुड़ी संस्था है। यह भी पढ़...