नई दिल्ली, मई 26 -- अधिकमास वैसे तो बहुत पुण्यकारी माना जाता है। लेकिन भगवान विष्णु के दिए इस मास की तिथियां बहुत लाभकारी बताई गई हैं। एकादशी से लेकर पूर्णिमा तक अधिकमास की इन तिथियों में स्नान दान और पूजा पाठ का बहुक अधिक फल मिलता है। इस दौरान भगवान श्रीहरि की अराधना और तुलसी की सेवा के साथ विभिन्न उपायों से लाभ मिलता है। इन तिथियों में आप अपने ग्रहों को सही कर सकते हैं। मां लक्ष्मी का भी आशीर्वाद पा सकते हैं। यहां हम बता रहे हैं आपको उन दिनों के बारें में कि इस दिन क्या करें।अधिकमास की एकादशी भी खास अधिकमास की एकादशी भी खास है, इसमें मां लक्ष्मी को प्रसन्न किया जाता है। अधिकमास ज्येष्ठ शुक्ल एकादशी तिथि प्रातः 06.22 मिनट तक पश्चात द्वादशी तिथि रहेगी। भद्रा प्रातः 06.22 मिनट तक। इसे पुरुषोत्तम कमला एकादशी व्रत भी कहते हैं। इसकी कथा में भ...