लखनऊ, मार्च 25 -- लखनऊ, कार्यालय संवाददाता विजय बेला एक कदम खुशियों की ओर की संस्था की तरफ से नाटक अदृश्य मंचन किया गया। बौद्ध शोध संस्थान के प्रेक्षागृह में नाटक निर्देशन चन्द्रभाष सिंह ने किया।हास्य-नाटक अदृश्य विशेष रूप से उन लोगों के लिए प्रेरणा बना, जो छोटी-छोटी समस्याओं से निराश हो जाते हैं। प्रस्तुति में दर्शाया गया कि जीवन की कठिन परिस्थितियों में भी सकारात्मक सोच और साहस के साथ आगे बढ़ा जा सकता है। नाटक की कहानी दृष्टिहीनों के जीवन पर आधारित है, जिसमें कांताबाई द्वारा संचालित ब्लाइंड्स क्लब के माध्यम से हास्य और रोमांच का रोचक ताना-बाना बुना गया। क्लब के सदस्यों द्वारा रचा गया काल्पनिक घटनाक्रम दर्शकों को रोमांचित करता है, वहीं इसके पीछे छिपा संदेश जीवन के प्रति नई दृष्टि प्रदान करता है। नाटक में अंधत्व के दर्द, संघर्ष और विपरीत ...