मुंगेर, फरवरी 26 -- मुंगेर, एक संवाददाता। करीब 3 लाख वर्ग फीट में फैला वार्ड नंबर 3 में स्थित मुंगेर का प्रसिद्ध मिर्ची तालाब आज अपनी पहचान खोता जा रहा है। कभी यह तालाब न केवल जलस्रोत था, बल्कि आसपास के लोगों के लिए सुकून और प्राकृतिक सौंदर्य का केंद्र भी हुआ करता था। लोग दैनिक कार्य में तालाब के पानी का उपयोग करते थे। आज हालात यह हैं कि, यह तालाब बदहाली, अतिक्रमण और गंदगी का शिकार होकर अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रहा है। अतिक्रमण की गिरफ्त में तालाब: धीरे-धीरे तालाब की जमीन पर अतिक्रमण बढ़ता जा रहा है। चारों ओर अवैध कब्जों ने तालाब की सीमा को संकुचित कर दिया है। जिम्मेदार विभागों की उदासीनता ने अतिक्रमणकारियों के हौसले और बुलंद कर दिए हैं, जिससे तालाब का मूल स्वरूप लगातार नष्ट हो रहा है। मिर्ची तालाब का पानी दूषित हो गया है। आसपास के लोग ...