गिरडीह, मार्च 16 -- गिरिडीह जिले के जमुआ प्रखंड में स्थित झारखंडधाम राज्य का एक प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थल माना जाता है। धनवार और बिरनी के तटवर्ती क्षेत्र से सटा यह धाम हरी-भरी वादियों और प्राकृतिक सौंदर्य से घिरा एक सुरम्य स्थल है। लोक मान्यता के अनुसार प्राचीन काल में लंकेश रावण और वीर अर्जुन ने भी यहां तपस्या की थी, जिसके कारण यह स्थान श्रद्धालुओं के लिए विशेष आस्था का केंद्र बन गया। करीब 14 एकड़ भूमि में फैला यह धाम प्राकृतिक और धार्मिक दोनों दृष्टियों से महत्वपूर्ण है। एक ओर कलकल ध्वनि करती इरगा नदी इसकी पवित्रता को स्पर्श करती है, वहीं दूसरी ओर शिवगंगा इसके सौंदर्य को और भी अलौकिक बनाती है। हालांकि बढ़ती प्रसिद्धि के साथ ही झारखंडधाम अतिक्रमण की गंभीर समस्या से जूझ रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार धाम की लगभग 40 प्रतिशत भूमि पर अ...