अररिया, नवम्बर 13 -- जोकीहाट, एक संवाददाता राजनीतिक दृष्टिकोण से समृद्ध जोकीहाट विस क्षेत्र के लोग वर्षों से नदियों के कटाव का दंश झेलने को विवश हैं। जिस गति से कटाव हो रहा है उस गति से रोकने का प्रयास नहीं हुआ। क्षेत्र होकर गुजरने वाली बकरा, परमान व कनकई नदी के किनारे बसे लगभग तीन दर्जन गांव कटाव में आने से उजड़ गये हैं। इसके कारण कटाव प्रभावित हजारों लोग खाना बदोश की जिंदगी काट रहे हैं। कटाव से मझवा गांव का अस्तित्व खतरे में है। कटाव से इस गांव के कई पक्के मकान, स्कूल भवन, जामा मस्जिद, कब्रिस्तान का वजूद समाप्त हो चुका है। कमोवेश यही हाल भंगिया, रमरई, सतबीटा, रहड़िया, फरसाडांगी, मटियारी, बलुआ, पछियारी पिपरा, आदि गांव की है। इस क्षेत्र के अजगरा, डोहरी, दोमहना धार पर जहां पुल निर्माणाधीन है वहीं दंशिया व खोरहा धार पर पुल नहीं बनने से लोगों ...