चित्रकूट, अप्रैल 21 -- चित्रकूट। जगद्गुरु रामभद्राचार्य दिव्यांग राज्य विश्वविद्यालय में मानसिक स्वास्थ्य की प्रासंगिकता विषय पर संगोष्ठी का शुभारंभ कुलपति प्रो शिशिर कुमार पांडेय ने किया। इसके बाद स्मारिका का विमोचन हुआ। संयोजक डा अमिता त्रिपाठी ने कहा कि वर्तमान समय में एकाकीपन और तनाव के दौर में लोग गंभीर मानसिक स्वास्थ्य से जूझ रहे हैं। इसके सार्थक समाधान की जरुरत है। कुलपति ने कहा कि अच्छे मन से स्वास्थ्य के लिए प्राचीन संतों से भी प्रेरणा लेनी चाहिए। संत तुलसीदास ने काम, क्रोध, मोह पर नियंत्रण कर मानसिक स्वास्थ्य को नियंत्रित करने की व्याख्या की है। अपने अंदर की सच्चाई को स्वीकार करके खुद को मानसिक रूप से स्वस्थ रख सकते हैं। यह भी पढ़ें- Quote of the Day: आलस और मोबाइल का ज्यादा इस्तेमाल छीन रहा मन की शांति, प्रेमानंद जी महाराज से ज...